शनिवार, 27 अगस्त 2016

धर्म के शिकंजे में शिक्षा


दुनियाभर में शिक्षा धर्म के शिकंजे में है. धार्मिक शिक्षा से समाज आगे नहीं, पीछे की ओर ही जा रहा है. दुनियाभर में अधिकतर समस्याओं की जड़ धार्मिक शिक्षा है. धार्मिक शिक्षा के चलते सामाजिक व राजनीतिक विद्वेष बढ़ रहा है. यह शिक्षा हमें एकदूसरे से भेदभाव सिखाती है, दूर ले जाती है, बैरवैमनस्य कराती है. कई देश घरेलू हिंसा की चपेट में हैं. वहां अंदरूनी धार्मिक, पंथिक, वर्गीय संघर्ष होते रहते हैं. इस से उन्हें आर्थिक व सामाजिक नुकसान झेलना पड़ रहा है.

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